अपने कार्यकाल में एक भी छुट्टी नहीं ली इस पुलिस अधिकारी ने, सेवानिवृत्ति के बाद भी लगे हैं देश की सेवा में

यूँ तो 66 वर्षीय बलजीत सिंह राणा दिल्ली पुलिस के रिटायर्ड सब-इंस्पेक्टर हैं लेकिन उनकी कहानी समाज के लिए एक मिसाल है। सबसे ख़ास बात यह है कि अपनी नौकरी के दौरान उन्होंने कभी एक भी छुट्टी नहीं ली और रिटायर होने के बाद भी पुलिस विभाग में अपनी सेवाएं दे रहे हैं। 

हरियाणा के कुंडली गांव से ताल्लुक रखने वाले बलजीत साल 1972 में पुलिस सेवा में शामिल हुए थे। नौ महीने के प्रशिक्षण के बाद, उन्हें राष्ट्रपति भवन कोर्ट के गेट नंबर 1 के बाहर पहली पोस्टिंग मिली। जैसे ही वह पुलिस विभाग में पहुंचे, उन्होंने अपने देश को सर्वश्रेष्ठ देने का फैसला किया।

वे कहते हैं कि जब से उन्होंने पुलिस सेवा ज्वाइन की, उन्हें किसी और चीज में बिलकुल भी रूचि नहीं रही। वे अक्सर देखा करते थे कि उनके साथी कर्मचारी किसी ना किसी बहाने से छुट्टी लिया करते थे लेकिन उन्होंने 20 से अधिक वर्षों के अपने कार्यकाल में एक भी छुट्टी नहीं ली।

zljjadkz2iskqmik385gsq9jyck9gb4u.jpg

फोटो साभार: टाइम्स ऑफ़ इंडिया

"यहां तक कि जब मेरी बेटियां शादी कर रही थीं, तब भी मैंने पूरा दिन काम किया और फिर शाम को शादी में शामिल हो गया"

अपने पिता को आदर्श मानने वाले बलजीत कहते हैं कि जब पिता को उनके पुलिस ज्वाइन करने की ख़बर मिली तो उन्होंने उनसे एक बात कही थी कि "तुम कोयले के खदान में जा रहे हो तो ध्यान रखना कि तुम्हारी वर्दी पर कोई दाग न लगे।" यह बात बलजीत के ज़हन में हमेशा-हमेशा के लिए यादगार बन गई।

साल 2012 में, बलजीत को भारत सरकार से आधिकारिक सेवानिवृत्ति मिली, लेकिन उन्होंने अपनी सेवानिवृत्ति स्वीकार नहीं की। उनका कहना है कि उनके देश के लिए काम करने का उनका उत्साह अभी भी जिंदा है और यही कारण है कि वह अपनी सेवा जारी रखना चाहते हैं। पिछले छह साल से वे सेवानिवृत्ति के बाद भी देश की सेवा में लगे हैं।

"मैंने अपने विभाग से कहा है कि मैं अपने आखिरी सांस तक अपने देश के लिए काम करने की कोशिश करूंगा"

बलजीत दिल्ली पुलिस विभाग के सबसे पुराने अधिकारियों में से एक है। उनकी सोच सच में देश के करोड़ों देशवासियों के लिए एक बड़ी प्रेरणा है। हम देश के प्रति उनकी ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा को सलाम करते हैं।

Share This Article
2167